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उद्योगों से लिया धन बगद के उद्धार पर खर्च होगा

जुबिलेंट पर लगा पचास लाख रुपये जुर्माना बगद नदी के उद्धार पर खर्च किया जायेगा.

एनजीटी द्वारा यहां के उद्योगों से लगभग एक करोड़ तीस लाख रुपये प्रदूषण नियंत्रण में लापरवाही बरतने के दंड स्वरुप लिये हैं या लिये जाने हैं। इस धन का उपयोग यहां की बगद नदी की खुदाई तथा उसके जल को प्रदूषण मुक्त करने के उपयोग में लाया जाना बताया जा रहा है।

उद्योगों से लिया धन बगद के उद्धार पर खर्च होगा

टेवा एपीआई इंडिया लि. कंपनी के मानव संसाधन प्रमुख एके सिंह का इस संबंध में कहना है कि उनकी कंपनी पर जो पन्द्रह लाख रुपये एनजीटी द्वारा डाला गया है वह कोई आर्थिक दंड नहीं बल्कि पर्यावरण की सुरक्षा आदि के लिए खर्च किये जाने वाला एक तरह का फंड है। इसके द्वारा बगद नदी की खुदाई आदि का काम किया जाना है। उन्होंने दावा किया कि उनकी कंपनी पर्यावरण सुरक्षा के बेहतर मानकों पर पूरी तरह खरी उतरी है।

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जुबिलेंट लाइफ साइंसेज लि. के जनसंपर्क अधिकारी सुनील दीक्षित का कहना है कि वे शीघ्र ही एनजीटी के सुझावों को लागू करेंगे तथा भविष्य में प्रदूषण रहित वातावरण में अपना सहयोग देंगे। उन्होंने भी यही कहा कि कंपनी पर लगे पचास लाख रुपये बगद नदी के उद्धार पर खर्च होंगे।

-टाइम्स न्यूज़ गजरौला.


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