गंगा स्नान पर्व इस बार भव्यता के साथ मनाने की तैयारी

ganga-mela-tigri
जिला प्रशासन मेले तक पहुंचने और वहां लोगों के ठहरने की बेहतर व्यवस्था को अंजाम देने के लिए रणनीति में जुट गया है.
कार्तिक पूर्णिमा पर गंगा के दोनों तटों गढ़मुक्तेश्वर और तिगरी में आयोजित होने वाले उत्तर भारत के प्रसिद्ध गंगा मेले के राजकीय मेला हो जाने के बावजूद स्नानार्थियों को वांछित सुविधायें नहीं मिल पातीं। गत वर्ष भी मेला प्रबंधन का मामला स्पष्ट नहीं हो पाया था। जिला पंचायत और प्रदेश प्रशासन में सामंजस्य के अभाव में मेला व्यवस्था बहुत अच्छी नहीं रही थी।

इस बार लगता है कि शासन स्तर से प्रशासनिक अमले को निर्देशित किया गया है जिससे लोगों को बेहतर सुविधायें मुहैया हो सकें। जिला प्रशासन मेले तक पहुंचने और वहां लोगों के ठहरने की बेहतर व्यवस्था को अंजाम देने के लिए रणनीति में जुट गया है। पता चला है रास्ते में पड़ने वाले अवरोध खासकर बिजली के खंभों को हटाने आदि पर जिला प्रशासन गंभीर है। 

उधर जिला पंचायत अध्यक्ष सरिता चौधरी और भाजपा किसान मोर्चा जिला प्रभारी भूपेन्द्र सिंह का कहना है कि वे अपने स्तर से नहाने वालों को अधिक से अधिक सुविधायें दिलाने को कृत संकल्प हैं। उन्हें राज्य सरकार पर पूरा भरोसा है कि इस बार यह मिनी कुंभ एक यादगार आयोजन होगा। भाजपा सरकार भारतीय सांस्कृतिक परंपराओं के प्रति पूरे समर्पण एवं श्रद्धा के साथ संलग्न है।

गंगा का मुख्य स्नान मध्य नवंबर में होगा। जबकि मेला स्थल पर लोग एक नवंबर से जुटने शुरु हो जायेंगे। ऐसे में मात्र डेढ़ माह का समय तैयारी को बचता है।

-टाइम्स न्यूज़ तिगरी.

No comments